NHM Employees News: जम्मू-कश्मीर विधानसभा के शरद सत्र की शुरुआत 21 सितंबर 2026 को हुई। सत्र के पहले दिन कर्मचारियों और आम लोगों से जुड़े कई मुद्दे सदन में उठाए गए। इनमें राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन यानी NHM कर्मचारियों की समस्याएं, दिहाड़ी पर काम करने वाले कर्मचारियों को नियमित करने और बिजली की बढ़ी हुई दरों को वापस लेने की मांग प्रमुख रही। इन मुद्दों को लेकर BJP के विधायकों ने सदन में अपनी बात रखी और सरकार का ध्यान इन मामलों की ओर दिलाया।
NHM कर्मचारियों को लेकर क्या मांग उठी
विधानसभा की कार्यवाही शुरू होने के दौरान BJP के विधायकों ने NHM कर्मचारियों से जुड़ा मामला उठाया। विधायकों ने हाथों में तख्तियां लेकर कर्मचारियों के लिए न्याय की मांग की और उनके लंबे समय से चले आ रहे मामलों पर सरकार का ध्यान दिलाया। इसके साथ ही दिहाड़ी पर काम करने वाले कर्मचारियों को नियमित करने की मांग भी सामने रखी गई। यानी सत्र के पहले दिन कर्मचारियों से जुड़े रोजगार और सेवा के मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया।
बिजली की बढ़ी दरों को वापस लेने की मांग
कर्मचारियों से जुड़े मुद्दों के साथ बिजली की दरों का मामला भी विधानसभा में उठाया गया। BJP विधायकों ने हाल में बढ़ी बिजली दरों को वापस लेने की मांग रखी। उनका विरोध बिजली के बढ़े हुए शुल्क को लेकर था और सरकार से इस पर दोबारा विचार करने की मांग की गई। इस तरह सत्र के पहले दिन रोजगार से जुड़े मामलों के साथ बिजली की दरों का मुद्दा भी चर्चा में आया।
विधानसभा अध्यक्ष ने क्या कहा
इन मुद्दों को लेकर सदन में विरोध के दौरान विधानसभा अध्यक्ष अब्दुल रहीम राथर ने हस्तक्षेप किया। खबर के अनुसार उन्होंने निर्देश दिया कि विरोध से जुड़ी इस कार्रवाई को विधानसभा की आधिकारिक कार्यवाही का हिस्सा न बनाया जाए और इसकी रिपोर्टिंग भी न की जाए। इसके बावजूद NHM कर्मचारियों, दिहाड़ी कर्मचारियों और बिजली दरों से जुड़े मुद्दे विधानसभा सत्र के पहले दिन के घटनाक्रम में सामने आए।
NHM कर्मचारियों के लिए अभी क्या फैसला हुआ
इस खबर में NHM कर्मचारियों को नियमित करने या उनकी सेवा शर्तों में कोई बदलाव करने का नया सरकारी आदेश नहीं बताया गया है। विधानसभा में फिलहाल कर्मचारियों की समस्याओं और नियमितीकरण की मांग को उठाया गया है। इसलिए इसे अभी सरकार के किसी अंतिम फैसले के रूप में नहीं देखा जा सकता। अगर आगे सरकार की ओर से कोई आदेश या घोषणा आती है, तभी NHM और दिहाड़ी कर्मचारियों के लिए किसी नए बदलाव की पुष्टि होगी।
यह भी पढ़ें: New Labour Code: नए श्रम नियमों से बदल जाएगा वेतन का हिसाब, PF और ग्रेच्युटी पर पड़ेगा असर